आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे दौर की प्रस्तावित वार्ता को लेकर शनिवार को भी अनिश्चितता की स्थिति बने रहने के बीच पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के तहत ‘लॉकडाउन’ एक सप्ताह से जारी है।
इस्लामाबाद की ओर जाने वाली मुख्य सड़कों को बंद कर दिया गया है तथा उस ‘रेड जोन’ को कड़े सुरक्षा घेरे में रखा गया है जहां प्रमुख सरकारी भवन एवं राजनयिक मिशन स्थित हैं।
पास के वाणिज्यिक क्षेत्र ‘ब्लू एरिया’ में बाजार सुनसान हैं, कैफे में आपूर्ति कम हो रही है और बस अड्डों की सेवाएं बंद होने के कारण सार्वजनिक परिवहन बाधित है जिससे यात्रियों को परेशानी हो रही है।
लोगों के लिए अनिश्चितता सबसे कठिन स्थिति है। इस्लामाबाद ऐसे लोगों का शहर है, जो सप्ताह के कामकाजी दिनों में काम करते हैं और सप्ताहांत में अपने परिवारों के पास लौट जाते हैं।
हाल के सप्ताहों में यह दूसरा ‘लॉकडाउन’ है। अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडलों के बीच वार्ता के लिए इस्लामाबाद में पहले 11 अप्रैल को ‘लॉकडाउन’ किया गया था। वह वार्ता कोई समझौता हुए बिना समाप्त हो गई थी। इसके बाद शहर कुछ समय के लिए खुला, लेकिन पाकिस्तान द्वारा एक और दौर की बातचीत की मेजबानी की तैयारियां किए जाने के बीच पाबंदियां फिर लागू कर दी गईं। हालांकि, वार्ता को लेकर अब भी स्थिति स्पष्ट नहीं है।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची पाकिस्तानी नेतृत्व के साथ बातचीत के लिए शुक्रवार देर रात यहां पहुंचे। पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल सैयद आसिम मुनीर, विदेश मंत्री इसहाक डार और गृह मंत्री मोहसिन नकवी सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।
इसके बाद, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाकाई ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा, ‘‘ईरान और अमेरिका के बीच कोई बैठक होने की योजना नहीं है।’’
बाकाई ने कहा कि इसके बजाय पाकिस्तानी अधिकारी दोनों प्रतिनिधिमंडलों के बीच संदेशों का आदान-प्रदान कराएंगे।
बाकाई ने ‘‘अमेरिका द्वारा थोपे गए आक्रामक युद्ध को समाप्त कराने के लिए’’ पाकिस्तान सरकार की ‘‘लगातार मध्यस्थता और सद्भावनापूर्ण प्रयासों’’ के लिए उसे धन्यवाद दिया।