देश का निजी कर्ज बाजार पांच साल में दोगुना होकर 25 अरब डॉलर पर: मूडीज

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 02-07-2026
India's private debt market to double to $25 billion in five years: Moody's
India's private debt market to double to $25 billion in five years: Moody's

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 भारत का निजी कर्ज बाजार पिछले पांच साल में दोगुना होकर 2025 के आखिर तक लगभग 25 अरब डॉलर पर पहुंच गया है। वित्त पोषण की मजबूत मांग के बीच इसमें और वृद्धि की की संभावना है। मूडीज रेटिंग्स ने बृहस्पतिवार को यह बात कही।

हालांकि, भारतीय रिजर्व बैंक के नए नियम उस खंड में प्रतिस्पर्धा बढ़ाएंगे जिस पर पहले से वैकल्पिक पूंजी का दबदबा रहा है। आरबीआई के नये नियम के तहत बैंकों को अधिग्रहण के लिए वित्त पोषण की अनुमति दी गयी है।
 
मूडीज ने कहा, ‘‘हालांकि, नए नियमों से वित्त पोषण की लागत कम होने और इसकी उपलब्धता बढ़ने से उधार लेने वालों को फायदा हो सकता है, लेकिन इससे निजी ऋण देने वालों के लिए प्रतिफल कम होगा और अधिग्रहण वित्त पोषण के लिए सौदे की मात्रा घट सकती है।’’
 
केंद्रीय बैंक के एक जुलाई से लागू नए नियमों के अनुसार, आरबीआई ने पहली बार बैंकों को कुछ शर्तों के साथ इक्विटी शेयरों और अनिवार्य रूप से परिवर्तनीय डिबेंचर के रणनीतिक अधिग्रहण के लिए वित्त उपलब्ध कराने की अनुमति दी है।
 
मूडीज ने कहा कि भारत का निजी कर्ज बाजार पिछले पांच साल में तेजी से बढ़ा है। यह मुख्य रूप से मुश्किल में फंसी कंपनियों के लिए वित्त पोषण के स्रोत से बदलकर आर्थिक रूप से स्थिर कंपनियों के लिए कर्ज देने वाले बाजार के रूप में विकसित हुआ है।
 
रेटिंग एजेंसी ने कहा, ‘‘भारत का निजी कर्ज बाजार पिछले पांच साल में तेजी से बढ़ा है। 2025 में सालाना सौदा मूल्य 11 अरब डॉलर से अधिक रहा और उस साल के आखिर तक प्रबंधन अधीन परिसंपत्ति यानी कर्ज बाजार लगभग 25 अरब डॉलर हो गया। हालांकि, वैश्विक मानकों के हिसाब से यह अब भी कम है।’’