आईडीएफसी फर्स्ट बैंक देगा यूपीआई, कार्ड, इंटरनेट बैंकिंग से प्रत्यक्ष कर भुगतान की सुविधा

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 24-09-2026
IDFC First Bank to offer direct tax payments through UPI, cards, internet banking
IDFC First Bank to offer direct tax payments through UPI, cards, internet banking

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 निजी क्षेत्र के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसने केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के लिए प्रत्यक्ष कर संग्रह संबंधी अपनी भुगतान व्यवस्था का एकीकरण पूरा कर लिया है। इससे देशभर के करदाता विभिन्न डिजिटल एवं भौतिक माध्यमों से प्रत्यक्ष कर का भुगतान कर सकेंगे।

बैंक ने बयान में कहा कि वह सीबीडीटी की ओर से प्रत्यक्ष कर संग्रह के लिए अधिकृत निजी क्षेत्र के बैंकों में शामिल है और करदाताओं की बदलती जरूरतों को पूरा करने के लिए अपने डिजिटल भुगतान ढांचे को मजबूत कर रहा है।
 
बैंक के अनुसार, करदाता प्रत्यक्ष कर के भुगतान के लिए यूपीआई, क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड और आईडीएफसी फर्स्ट बैंक की खुदरा तथा कारोबारी इंटरनेट बैंकिंग सेवाओं का इस्तेमाल कर सकते हैं।
 
ऑफलाइन भुगतान की सुविधा चाहने वाले करदाता बैंक की किसी भी शाखा में जाकर चेक, बैंक ड्राफ्ट या नकद के जरिये कर का भुगतान कर सकते हैं।
 
इसके अलावा, दूसरे बैंकों के ग्राहक भी अपने संबंधित बैंकों की इंटरनेट बैंकिंग सुविधा के जरिये आईडीएफसी फर्स्ट बैंक की भुगतान प्रणाली से प्रत्यक्ष कर का भुगतान कर सकेंगे।
 
बैंक ने कहा कि इस एकीकरण का उद्देश्य करदाताओं के बैंक से जुड़े संबंध की परवाह किए बिना कर भुगतान को सरल और सुविधाजनक बनाना है। ग्राहक चालान और भुगतान की पुष्टि भी आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
 
आईडीएफसी फर्स्ट बैंक में खुदरा देनदारी, कार्ड और भुगतान मामलों के प्रमुख शिरीष भंडारी ने कहा, ‘‘आज ग्राहक भुगतान के तरीके में सुविधा और विकल्प चाहते हैं। इस एकीकरण के साथ करदाता सुरक्षित और सुगम मंच के जरिये यूपीआई, इंटरनेट बैंकिंग, डेबिट कार्ड या क्रेडिट कार्ड समेत अपनी पसंद के माध्यम से भुगतान कर सकते हैं। यह ग्राहकों के अनुकूल डिजिटल बैंकिंग समाधान विकसित करने की हमारी प्रतिबद्धता की दिशा में एक और कदम है।’’
 
बैंक ने बयान में कहा कि वह सीबीडीटी की ओर से प्रत्यक्ष कर संग्रह के लिए अधिकृत निजी क्षेत्र के बैंकों में शामिल है और करदाताओं की बदलती जरूरतों को पूरा करने के लिए अपने डिजिटल भुगतान ढांचे को मजबूत कर रहा है।
 
बैंक के अनुसार, करदाता प्रत्यक्ष कर के भुगतान के लिए यूपीआई, क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड और आईडीएफसी फर्स्ट बैंक की खुदरा तथा कारोबारी इंटरनेट बैंकिंग सेवाओं का इस्तेमाल कर सकते हैं।
 
ऑफलाइन भुगतान की सुविधा चाहने वाले करदाता बैंक की किसी भी शाखा में जाकर चेक, बैंक ड्राफ्ट या नकद के जरिये कर का भुगतान कर सकते हैं।
 
इसके अलावा, दूसरे बैंकों के ग्राहक भी अपने संबंधित बैंकों की इंटरनेट बैंकिंग सुविधा के जरिये आईडीएफसी फर्स्ट बैंक की भुगतान प्रणाली से प्रत्यक्ष कर का भुगतान कर सकेंगे।
 
बैंक ने कहा कि इस एकीकरण का उद्देश्य करदाताओं के बैंक से जुड़े संबंध की परवाह किए बिना कर भुगतान को सरल और सुविधाजनक बनाना है। ग्राहक चालान और भुगतान की पुष्टि भी आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
 
आईडीएफसी फर्स्ट बैंक में खुदरा देनदारी, कार्ड और भुगतान मामलों के प्रमुख शिरीष भंडारी ने कहा, ‘‘आज ग्राहक भुगतान के तरीके में सुविधा और विकल्प चाहते हैं। इस एकीकरण के साथ करदाता सुरक्षित और सुगम मंच के जरिये यूपीआई, इंटरनेट बैंकिंग, डेबिट कार्ड या क्रेडिट कार्ड समेत अपनी पसंद के माध्यम से भुगतान कर सकते हैं। यह ग्राहकों के अनुकूल डिजिटल बैंकिंग समाधान विकसित करने की हमारी प्रतिबद्धता की दिशा में एक और कदम है।’’