Government should support employment generating and advanced technology industries: EAC-PM Chairman
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद (ईएसी-पीएम) के चेयरमैन एस महेंद्र देव ने बृहस्पतिवार को कहा कि सरकार को आने वाले वर्षों में रोजगार पैदा करने वाले श्रम-प्रधान क्षेत्रों के साथ-साथ अत्याधुनिक उद्योगों को भी समर्थन देना चाहिए।
देव ने कहा कि यह समर्थन स्पष्ट लक्ष्यों से जुड़ा होना चाहिए और इसकी नियमित समीक्षा की जानी चाहिए।
इंस्टिट्यूट फॉर स्टडीज इन इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट (आईएसआईडी) के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए देव ने कहा कि सभी कंपनियों की प्रतिस्पर्धी क्षमता बढ़ाने की जरूरत है, क्योंकि आत्मनिर्भर भारत का मतलब यह नहीं है कि भारत 1991 से पहले के दौर में लौट रहा है।
उन्होंने कहा, “दूसरी जरूरत रोजगार पैदा करने वाले उद्योगों और अत्याधुनिक उद्योगों, दोनों को समर्थन देने की है। कपड़ा, परिधान, जूते और खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्र बड़े पैमाने पर रोजगार पैदा कर सकते हैं, जबकि सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक कलपुर्जे, उन्नत सामग्री और स्वच्छ प्रौद्योगिकी भारत की तकनीकी क्षमता को मजबूत कर सकते हैं।”
देव ने कहा कि देश को उत्पादों की प्रतिस्पर्धी क्षमता और गुणवत्ता बढ़ाने पर ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने कहा, “इन उद्योगों को दिया जाने वाला समर्थन अच्छी तरह तैयार किया जाना चाहिए, स्पष्ट लक्ष्यों से जुड़ा होना चाहिए और इसकी नियमित समीक्षा होनी चाहिए, ताकि सार्वजनिक संसाधनों का अधिकतम प्रभाव सुनिश्चित किया जा सके।”