आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
देश में वाहनों की कुल खुदरा बिक्री मई में 9.55 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 25,31,067 इकाइयों पर पहुंच गई, जबकि पहली बार इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की हिस्सेदारी 11 प्रतिशत के पार चली गई। पश्चिम एशिया संकट के बीच पिछले महीने ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी के बाद ईंधन-किफायती और हरित वाहनों में रुचि बढ़ना इसकी मुख्य वजह रही। उद्योग निकाय फाडा ने सोमवार को यह जानकारी दी।
वाहन डीलर संघों के महासंघ (फाडा) के अनुसार, देश में मोटर वाहनों की कुल खुदरा बिक्री मई में सालाना आधार पर 9.55 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 25,31,067 इकाई रही।
उद्योग निकाय अनुसार, ये आंकड़े मई में वाणिज्यिक वाहनों (सीवी), यात्री वाहनों (पीवी) और इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की सर्वश्रेष्ठ बिक्री को दर्शाते हैं।
फाडा के अनुसार, ‘‘ मई में ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी के बाद उपभोक्ताओं की प्रतिक्रिया उल्लेखनीय रही। डीलरों ने ईंधन-किफायती और वैकल्पिक पावरट्रेन विकल्पों के बारे में जानकारी हासिल करने के मामलों में वृद्धि की सूचना दी जिसका असर दोपहिया ईवी हिस्सेदारी के 6.11 प्रतिशत से बढ़कर 9.25 प्रतिशत होने में दिखा।’’
आंकड़ों के अनुसार, यात्री वाहन (पीवी) की खुदरा बिक्री पिछले महीने 23.25 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 4,02,591 इकाई रही जो मई, 2025 में 3,26,656 इकाई थी।
दोपहिया वाहनों की बिक्री भी 17,15,581 इकाई से 7.54 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 18,44,947 इकाई हो गई।
उद्योग निकाय फाडा के अनुसार, तिपहिया वाहनों की बिक्री पिछले महीने 1,11,526 इकाई रही, जो मई, 2025 की 1,07,688 इकाइयों से 3.56 प्रतिशत अधिक है।
वाणिज्यिक वाहनों की बिक्री भी 5.29 प्रतिशत बढ़कर पिछले महीने रिकॉर्ड 83,823 इकाइयों पर पहुंच गई जो मई, 2025 में 79,614 इकाई थी।