इरफान खान की याद में रिलीज हुई ‘द लास्ट टेनेंट’, 25 साल बाद दर्शकों तक पहुंची फिल्म

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 07-05-2026
'The Last Tenant' Released in Memory of Irrfan Khan; Film Reaches Audiences After 25 Years
'The Last Tenant' Released in Memory of Irrfan Khan; Film Reaches Audiences After 25 Years

 

नई दिल्ली

भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता Irrfan Khan की छठी पुण्यतिथि पर उनके प्रशंसकों को एक खास तोहफा मिला है। करीब 25 वर्षों से रिलीज का इंतजार कर रही फिल्म The Last Tenant आखिरकार दर्शकों के सामने आ गई है। इस फिल्म में इरफान खान और Vidya Balan मुख्य भूमिकाओं में नजर आए हैं। खास बात यह है कि यह दोनों कलाकारों के करियर के शुरुआती दौर की फिल्म है और यही एकमात्र फिल्म है जिसमें दोनों ने साथ काम किया था।

फिल्म को हाल ही में यूट्यूब पर रिलीज किया गया है और इसे इरफान खान की स्मृति को समर्पित श्रद्धांजलि के रूप में देखा जा रहा है। लंबे समय तक गुमनामी में रहने के बाद अब यह फिल्म दर्शकों के लिए किसी दुर्लभ खजाने से कम नहीं मानी जा रही।

इस फिल्म का निर्देशन लेखक-निर्देशक Sarthak Dasgupta ने लगभग 25 साल पहले किया था। लेकिन तकनीकी और प्रोडक्शन से जुड़ी परेशानियों के कारण फिल्म कभी रिलीज नहीं हो सकी। बताया जाता है कि फिल्म की मूल फुटेज खो गई थी, जिससे निर्देशक ने लगभग उम्मीद छोड़ दी थी। हालांकि, बाद में संयोगवश इसकी एक वीएचएस कॉपी मिल गई। आधुनिक तकनीक की मदद से उसे फिर से बहाल किया गया और अब दर्शकों तक पहुंचाया गया है।

सार्थक दासगुप्ता ने फिल्म की रिलीज को लेकर भावुक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने यह फिल्म बनाई थी, तब वे फिल्म निर्माण की दुनिया में बिल्कुल नए थे। बिना किसी औपचारिक फिल्मी शिक्षा के, सिर्फ अपने जुनून और संवेदनाओं के सहारे उन्होंने यह परियोजना पूरी की थी। उन्होंने बताया कि इंजीनियरिंग और एमबीए करने के बाद कॉर्पोरेट दुनिया छोड़कर फिल्म निर्माण में कदम रखना उनके लिए बड़ा जोखिम था। अब इरफान खान की याद में इस फिल्म को रिलीज करना उनके लिए बेहद भावुक पल है।

फिल्म की कहानी एक संगीतकार के इर्द-गिर्द घूमती है, जो देश छोड़ने से पहले एक सुनसान मकान में शरण लेता है। वहां वह अकेलेपन, रहस्य और बीती यादों के बीच खुद को तलाशने की कोशिश करता है। कहानी धीरे-धीरे मानसिक और भावनात्मक यात्रा का रूप ले लेती है, जहां उसकी इच्छाएं और डर सामने आते हैं। सीमित संसाधनों और लगभग शून्य बजट में बनी यह फिल्म आज के दर्शकों को पुराने दौर की संवेदनशील फिल्मों की याद दिला रही है।

Vidya Balan ने भी इस फिल्म के रिलीज होने पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि उस समय वे अपने करियर की शुरुआत कर रही थीं और इरफान खान जैसे प्रतिभाशाली कलाकार के साथ काम करना उनके लिए बड़ी सीख थी। उन्होंने इस फिल्म को अपने अभिनय सफर का बेहद खास हिस्सा बताया।

29 अप्रैल को रिलीज हुई इस फिल्म को महज तीन दिनों में यूट्यूब पर करीब दो लाख व्यूज मिल चुके हैं। इरफान खान के प्रशंसकों के बीच इसे लेकर खास उत्साह देखा जा रहा है। दर्शकों का कहना है कि यह फिल्म न सिर्फ इरफान की अभिनय प्रतिभा की झलक देती है, बल्कि भारतीय सिनेमा के उस दौर की संवेदनशील कहानी कहने की शैली को भी सामने लाती है।

गौरतलब है कि निर्देशक सार्थक दासगुप्ता इससे पहले The Music Teacher, 200 Halla Ho और Dharavi Bank जैसी चर्चित परियोजनाओं से भी पहचान बना चुके हैं।