Whatever happened, it was not because of me: Roshibina on selection controversy ahead of Asiad
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
विवाद के बीच टीम में चयन के बाद एशियाई खेलों में रजत पदक जीतकर फैसले को सही साबित करने वाली भारतीय वुशू खिलाड़ी रोशिबिना देवी ने चोट के कारण भारतीय दल में जगह नहीं बना सकी दिव्यांशी चौधरी द्वारा लगाये गए पक्षपात के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि जो हुआ , वह उनकी वजह से नहीं हुआ ।
पच्चीस वर्षीय रोशिबिना ने चीन की झांग शियाओयू के खिलाफ महिलाओं की 60 किग्रा स्पर्धा के फाइनल में 0-2 से हारने के बाद रजत पदक जीता। इसके साथ ही उन्होंने एशियाई खेलों में लगातार तीसरा पदक अपने नाम किया। उन्होंने 2018 में कांस्य और पिछले एशियाई खेलों में रजत पदक जीता था।
रोशिबिना ने फाइनल के बाद कहा, ‘‘जो कुछ हुआ, वह मेरी वजह से नहीं हुआ। यह महासंघ का फैसला था कि मुझे एशियाई खेलों के लिए चुना जाए। भारतीय वुशु संघ ने जो भी फैसला लिया, मुझे लगता है कि वह सही था।’’
उन्होंने दिव्यांशी के आरोपों के बारे में पूछे जाने पर कहा, ‘‘मैं इसे नजरअंदाज करूंगी। मैं सिर्फ अपने लक्ष्य पर ध्यान देना चाहती हूं।’’
उन्होंने कहा ,‘‘ अगर कोई मेरे बारे में नकारात्मक बोलना चाहता है तो कोई बात नहीं । आपको हर स्थिति में मजबूत रहना और नकारात्मक माहौल को नजरंदाज करना होता है । खुद पर भरोसा रखना जरूरी है ।’’
दिव्यांशी ने जून में श्रीनगर में हुए एशियाई खेलों के चयन ट्रायल में रोशिबिना को हराया था लेकिन ‘एसीएल’ चोट के कारण बाद में उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया। इसके बाद दिव्यांशी ने आरोप लगाया था कि रोशिबिना ने एशियाई खेलों की टीम में जगह बनाने के लिए उनके खिलाफ काम किया।