हमें अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में बदलना होगा और कैचिंग में सुधार करना होगा: गिल

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 19-01-2026
We need to convert good starts into big scores and improve our catching: Gill
We need to convert good starts into big scores and improve our catching: Gill

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत की द्विपक्षीय वनडे श्रृंखला में पहली हार न केवल आंकड़ों के लिहाज से एक झटका थी, बल्कि इससे एक असहज स्पष्टता भी उजागर हुई और कप्तान शुभमन गिल ने हार के अंतर या कुछ खिलाड़ियों की गैर मौजूदगी का बहाना नहीं बनाया।
 
श्रृंखला के तीसरे और अंतिम मैच में भारतीय टीम की पराजय के बाद गिल ने एक ऐसे पैटर्न का खुलासा किया, जिसने उनके शब्दों में, ‘‘दोनों टीमों के बीच अंतर पैदा किया।’’
 
गिल ने मैच के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘ ऐसा नहीं है कि हमने खराब बल्लेबाजी की। बात यह थी कि हम पर्याप्त देर तक बल्लेबाजी नहीं कर पाए। जब ​​बल्लेबाजों को अच्छी शुरुआत मिलती है और वे उसे बड़े स्कोर में तब्दील नहीं कर पाते तो स्थिति बहुत मुश्किल हो जाती है। हमारे कम से कम दो बल्लेबाजों को लंबी पारी खेलनी चाहिए थी। यही उनके और हमारे बीच का अंतर रहा।’’
 
भारत पूरी श्रृंखला में अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल पाया जिसमें इंदौर में खेला गया मैच भी शामिल है। इस मैच में विराट कोहली के शतक ने कुछ समय के लिए मैच का रुख पलटने की उम्मीद जगाई थी।
 
गिल बार-बार न्यूजीलैंड के दृष्टिकोण के साथ तुलना का मुद्दा उठाते रहे।
 
उन्होंने कहा, ‘‘जब भी उनके बल्लेबाजों ने अच्छी शुरुआत की तो वह बड़ा स्कोर बनाने में सफल रहे। श्रृंखला में इसी ने मुख्य अंतर पैदा किया। पहले दो मैचों में मैं भी जम गया था, लेकिन मैं उसे 100, 120 या 130 रन में नहीं बदल पाया। बल्लेबाजी इकाई के रूप में हमें इसमें सुधार करने की जरूरत है।’’
 
रविंद्र जडेजा पिछले कुछ मैच में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए लेकिन गिल ने कहा कि हार के लिए सभी खिलाड़ी जिम्मेदार हैं।
 
उन्होंने कहा, ‘‘जड्डू भाई बल्ले से अच्छी लय में दिख रहे थे। लेकिन बात सिर्फ उनकी नहीं थी। मुझे नहीं लगता कि हमारे किसी भी बल्लेबाज ने अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में बदलने में कामयाबी हासिल की। ​​ऐसी पिचों पर अगर आप अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल पाते तो आपको हमेशा मैच में पिछड़ना पड़ता है।’’