The captains did not shake hands after the toss in the Under-19 World Cup match between India and Bangladesh.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
भारत और बांग्लादेश के बीच तनावपूर्ण द्विपक्षीय संबंधों का असर क्रिकेट के मैदान पर भी दिखा क्योंकि शनिवार को यहां आईसीसी अंडर-19 विश्व कप ग्रुप ए मैच से पहले दोनों टीमों के कप्तानों ने परंपरा के अनुसार हाथ नहीं मिलाये हालांकि बीसीबी ने बाद में कहा कि उनके कप्तान ने ऐसा जान बूझकर नहीं किया और यह क्षणिक चूक से हो गया ।
बारिश के कारण मैच देरी से शुरू होने के बाद भारत के कप्तान आयुष म्हात्रे और बांग्लादेश के उप कप्तान जवाद अबरार टॉस के लिए आए थे। लेकिन सिक्का उछालने से पहले या बाद में उन्होंने हाथ नहीं मिलाया।
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने बाद में एक बयान में कहा कि यह गैर इरादतन था और कुछ पल के लिये एकाग्रता भंग होने से हो गया ।
बोर्ड ने ढाका में जारी बयान में कहा ,‘‘ विरोधी टीम के प्रति असभ्यता या अनादर दिखाने का कोई इरादा नहीं था । नियमित कप्तान अजीजुल हकीम बीमार होने के कारण टॉस के लिये नहीं गए और उपकप्तान जवाद अबरार वहां मौजूद थे ।’’
बोर्ड ने कहा ,‘‘ बोर्ड यह स्पष्ट करना चाहता है कि विरोधी कप्तान से हाथ नहीं मिलाने की घटना पूरी तरह से गैर इरादतन थी और एकाग्रता क्षणिक तौर पर भंग होने के कारण हुई । विरोधी टीम के प्रति अनादर या असभ्यता दिखाने का मकसद नहीं था ।’’
इसने आगे कहा ,‘‘ बोर्ड ने मामले को गंभीरता से लिया है । क्रिकेट की भावना को बनाए रखना और विरोधियों के प्रति सम्मान रखना बांग्लादेश का किसी भी स्तर पर प्रतिनिधित्व करने की मूलभूत शर्त है, और इस संबंध में टीम प्रबंधन को तुरंत सूचित कर दिया गया। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड क्रिकेट के मूल्यों के प्रति मैदान के भीतर और बाहर पूरी तरह प्रतिबद्ध है ।’’
गौरतलब है कि पिछले साल एशिया कप से भारत और पाकिस्तान के बीच हाथ नहीं मिलाने की नीति चल रही है जो पहलगाम नरसंहार के बाद शुरू हुई थी।