सिंगापुर
भारतीय गोल्फर गगनजीत भुल्लर ने कठिन और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच शानदार संयम दिखाते हुए सिंगापुर ओपन गोल्फ टूर्नामेंट के तीसरे दौर में एक ओवर 72 का स्कोर दर्ज किया। इसके बावजूद वह कुल स्कोर छह अंडर 207 के साथ शीर्ष पांच में अपनी जगह बनाए रखने में सफल रहे।
यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट 20 लाख अमेरिकी डॉलर की इनामी राशि के साथ खेला जा रहा है और इसमें दुनिया भर के शीर्ष गोल्फर हिस्सा ले रहे हैं। तीसरे दौर के बाद दक्षिण कोरिया के जियोंगवू हाम ने अपनी मजबूत पकड़ बनाए रखी और 68 का स्कोर करते हुए लगातार तीसरे दिन भी शीर्ष स्थान पर बने रहे। उन्होंने पहले दो राउंड में मिली बढ़त को बरकरार रखते हुए टूर्नामेंट में अपनी स्थिति और मजबूत कर ली है।
भारतीय खिलाड़ी भुल्लर ने भले ही तीसरे दौर में अपेक्षाकृत धीमा प्रदर्शन किया हो, लेकिन शुरुआती दो राउंड में बनाए गए अच्छे स्कोर की बदौलत वह संयुक्त रूप से पांचवें स्थान पर बने हुए हैं। उनके साथ थाईलैंड के जैज़ जनेवट्टानानोंड और पाकिस्तान के अहमद बेग भी छह अंडर 207 के स्कोर पर संयुक्त पांचवें स्थान पर मौजूद हैं। जैज़ ने तीसरे दौर में 73 का कार्ड खेला, जबकि अहमद बेग ने 67 का प्रभावशाली स्कोर किया, जिससे उनकी स्थिति मजबूत बनी हुई है।
टूर्नामेंट में प्रतिस्पर्धा बेहद कड़ी होती जा रही है क्योंकि शीर्ष खिलाड़ियों के बीच अंतर बहुत कम है। ऐसे में अंतिम दौर से पहले हर शॉट का महत्व और बढ़ गया है।
अन्य भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन की बात करें तो पुखराज सिंह गिल ने अब तक स्थिर खेल दिखाते हुए 71, 70 और 72 का स्कोर किया है। वह कुल मिलाकर एक ओवर पार के साथ संयुक्त 45वें स्थान पर बने हुए हैं। हालांकि वह शीर्ष खिलाड़ियों से काफी पीछे हैं, लेकिन उनका प्रदर्शन अनुभव के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
तीसरे भारतीय खिलाड़ी करनदीप कोचर के लिए यह दिन काफी चुनौतीपूर्ण रहा। उन्होंने तीसरे दौर में छह ओवर 77 का निराशाजनक स्कोर बनाया, जिसके बाद उनका कुल स्कोर उन्हें संयुक्त 67वें स्थान पर ले गया। कट में जगह बनाने के बावजूद उनका प्रदर्शन उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा।
टूर्नामेंट अब अंतिम और निर्णायक दौर की ओर बढ़ रहा है, जहां सभी खिलाड़ियों की नजरें बेहतर प्रदर्शन कर अपनी स्थिति सुधारने पर होंगी। भुल्लर से भारतीय प्रशंसकों को खास उम्मीदें हैं कि वह अंतिम दिन बेहतरीन खेल दिखाकर शीर्ष स्थान के करीब पहुंच सकें।