the purchase of 250 electric buses for the Transport Corporation.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
उत्तर प्रदेश सरकार ने मंगलवार को राज्य सड़क परिवहन निगम (उप्रएसआरटीसी) के बेड़े के वास्ते 250 इलेक्ट्रिक बसें खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी।
यहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में संपन्न मंत्रिमंडल की बैठक में यह फैसला किया गया।
राज्य के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने बताया कि इस परियोजना पर कुल 425.50 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि इस निर्णय के तहत वित्त वर्ष 2026-27 में 400 करोड़ रुपये के प्रावधान किया गया है तथा 25.50 करोड़ रुपये का खर्च निगम वहन करेगा। इसी के साथ 250 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद का रास्ता साफ हो गया है।
खन्ना ने बताया कि इस फैसले के मुताबिक रोडवेज बेड़े में 100 इलेक्ट्रिक बसें ‘टाइप-टू’ और 150 इलेक्ट्रिक बसें ‘टाइप-थ्री’ की शामिल की जाएंगी।
उन्होंने कहा कि इन बसों के संचालन से राज्य में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक, पर्यावरण अनुकूल और यात्री सुविधाओं के अनुरूप बनाया जाएगा।
सरकार ने बसों की खरीद में उत्तर प्रदेश के विनिर्माताओं को प्राथमिकता देने का भी निर्णय लिया है, जिससे राज्य में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
एक आधिकारिक बयान के अनुसार एक नवंबर 2026 से ‘सीक्यूएम’ के निर्देशों के मुताबिक दिल्ली में केवल सीएनजी, इलेक्ट्रिक और बीएस-6 श्रेणी के वाहनों को प्रवेश की अनुमति होगी। ऐसे में नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद से उत्तर प्रदेश रोडवेज इन मानकों का समयबद्ध अनुपालन करेगा और एनसीआर क्षेत्र में बस संचालन निर्बाध रहेगा।
राज्य सरकार का यह फैसला राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में लागू होने वाले पर्यावरणीय मानकों को देखते हुए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इन बसों के आ जाने से डीजल आधारित बसों पर निर्भरता कम होगी, वायु प्रदूषण में कमी आएगी एवं पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।