हैदराबाद (तेलंगाना)
सोमवार को तेलंगाना विधानसभा में ज़बरदस्त हंगामा देखने को मिला, जिसमें दो बड़े स्थगन प्रस्ताव पेश किए गए। BJP विधायक दल के नेता अलेटी महेश्वर रेड्डी ने निर्मल शहर में हिंदू नाबालिग लड़कियों के खिलाफ कथित अत्याचारों पर चर्चा की मांग करते हुए एक प्रस्ताव पेश किया। इस बीच, BRS विधान परिषद दल ने राघव कंस्ट्रक्शंस की अनियमितताओं की जांच के लिए एक सदन समिति या हाई कोर्ट के जज से जांच कराने की मांग करते हुए एक प्रस्ताव पेश किया। इसमें मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी के परिवार से कथित संबंधों का हवाला दिया गया।
BRS खनन कार्यों में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए, रेड्डी को कैबिनेट से बर्खास्त करने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रही है। पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष, KT रामा राव ने सरकार पर रेड्डी को बचाने का आरोप लगाया और दावा किया कि यह कंपनी अवैध खनन गतिविधियों में शामिल है। सरकार ने इन आरोपों की CB-CID जांच की घोषणा की है। BRS के कार्यकारी अध्यक्ष KT रामा राव (KTR) ने चेतावनी दी कि अगर सरकार कोई कार्रवाई नहीं करती है, तो पार्टी औपचारिक शिकायत लेकर राज्यपाल के पास जाएगी, और अगर ज़रूरी हुआ, तो इस मुद्दे को बड़े पैमाने पर सीधे जनता के बीच ले जाएगी। यह बात एक प्रेस रिलीज़ में कही गई।
KTR ने मंत्री पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि BRS विधायक दल के उपनेता T हरीश राव द्वारा किए गए खुलासों के बाद सरकार हिल गई है। उन्होंने कहा कि हरीश राव ने खुद सरकार से मिले दस्तावेज़ी सबूतों के साथ, राज्य सरकार में दूसरे नंबर के वरिष्ठ मंत्री से जुड़े एक बड़े घोटाले का पर्दाफाश किया है। मंत्री के परिवार से जुड़ी इस कंपनी ने नियमों का उल्लंघन किया और अवैध खनन गतिविधियों में लिप्त पाई गई। KTR ने सवाल उठाया कि सरकार ने अवैध खनन में शामिल दूसरी कंपनियों के खिलाफ तो सख्त कानूनी कार्रवाई की है, लेकिन राघव कंस्ट्रक्शंस के खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की? उन्होंने संदेह जताया कि क्या यह निष्क्रियता कंपनी के मंत्री से संबंधों के कारण है, या फिर मुख्यमंत्री की अपनी संलिप्तता के कारण।
उन्होंने बताया कि हरीश राव के खुलासे के बाद, मुख्यमंत्री ने स्वीकार किया कि अनियमितताएं हुई थीं। हालांकि, ज़िम्मेदारी लेने के बजाय, उन्होंने यह दावा करके पलटवार करने की कोशिश की कि इस मुद्दे का खुलासा खुद सरकार ने ही किया था। KTR ने मुख्यमंत्री के इस दावे की आलोचना की कि यह कंपनी मंत्री पोंगुलेटी के "दूर के रिश्तेदारों" की है, और इसे बेतुका बताया। KTR ने कहा कि मंत्री की पत्नी, बेटे और भाई का कंपनी से सीधा संबंध है, और मंत्री खुद 2020 से 2022 के बीच इसके चेयरमैन रहे थे। उन्होंने मुख्यमंत्री पर विरोधाभासी और गुमराह करने वाले बयान देने का आरोप लगाया, जिससे उनकी विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री जिस तरह से 'राघवा कंस्ट्रक्शंस' का ज़ोरदार बचाव कर रहे हैं, उससे इस मामले में उनकी अपनी संलिप्तता का संकेत मिलता है। उन्होंने 'कोडांगल लिफ्ट सिंचाई परियोजना' के तहत उसी कंपनी को ठेके दिए जाने का ज़िक्र किया, और राज्य में मुख्यमंत्री तथा उनके सहयोगियों की मिलीभगत से बड़े पैमाने पर ज़मीन संबंधी अनियमितताओं पर चिंता जताई।