पश्चिम एशिया की स्थिति पर संसद में अल्पकालिक चर्चा होनी चाहिए : कांग्रेस

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 06-03-2026
There should be a short-term discussion in Parliament on the situation in West Asia: Congress
There should be a short-term discussion in Parliament on the situation in West Asia: Congress

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
कांग्रेस ने शुक्रवार को कहा कि आगामी नौ मार्च से शुरू होने वाले बजट सत्र के दूसरे चरण में पश्चिम एशिया की स्थिति पर अल्पकालिक चर्चा होनी चाहिए और सरकार की तरफ से वक्तव्य देना पर्याप्त नहीं होगा।
 
पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह दावा भी किया कि वर्तमान सरकार बहुत कमजोर है और भारत की वैश्विक साख पहले इतनी कमजोर नहीं रही है जितनी आज है।
 
रमेश ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘बजट सत्र के दूसरे चरण में कई बेहद महत्वपूर्ण मुद्दे रहने वाले हैं। भारत-अमेरिका व्यापार समझौता, रूस से भारत द्वारा तेल खरीद को लेकर अमेरिका का लगातार दबाव, ईरान के सर्वोच्च नेता तथा कई सैन्य नेताओं की लक्षित हत्याएं और पूरे पश्चिम एशिया में फैल चुका संघर्ष महत्वपूर्ण विषय हैं।’’
 
उन्होंने कहा कि अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर हमले तथा उसके बाद ईरान द्वारा खाड़ी देशों पर किए गए हमले स्थिति को और गंभीर बना चुके हैं। ‘‘इस क्षेत्र में लगभग एक करोड़ भारतीय काम करते हैं, जिनकी ज़िंदगी, आजीविका इन हालात में प्रभावित होती है। यह हमारे लिए एक बहुत महत्वपूर्ण आर्थिक मुद्दा भी है, क्योंकि इस क्षेत्र से हर साल लगभग 50-60 अरब डॉलर की राशि भारतीय नागरिक देश में भेजते हैं।’’
 
रमेश ने कहा कि इन हालात को देखते हुए बजट सत्र के दूसरे चरण में पश्चिम एशिया की स्थिति पर तत्काल चर्चा की मांग की जाएगी।
 
उन्होंने कहा, ‘‘हम पहले भी विदेश मंत्रालय के कामकाज पर चर्चा की मांग कर चुके हैं। हमने रक्षा मंत्रालय और वाणिज्य मंत्रालय के कामकाज पर भी चर्चा की मांग की थी। अब इस विषय की अहमियत और बढ़ गई है। जब संसद नौ मार्च को दोबारा बैठेगी, तब हम निश्चित रूप से ये मांगें उठाएंगे।’’