राजस्थान रॉयल्स की बोली हारना निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा का प्रतिबिंब नहीं: सोमानी

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 05-05-2026
Rajasthan Royals losing the bid is not a reflection of fair competition: Somani
Rajasthan Royals losing the bid is not a reflection of fair competition: Somani

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
अमेरिका स्थित काल सोमानी की अगुवाई वाले समूह ने उद्योगपति लक्ष्मी एन मित्तल के नेतृत्व वाले समूह से राजस्थान रॉयल्स के स्वामित्व की बोली हारने पर ‘गहरी निराशा’ व्यक्त करते हुए मंगलवार को इस बात से इनकार किया कि उसने बोली प्रक्रिया से हाथ खींच लिया था और कहा कि अंतिम परिणाम ‘निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा’ को नहीं दर्शाता है।
 
राजस्थान रॉयल्स फ्रेंचाइजी के अनुसार लक्ष्मी मित्तल और उनके बेटे आदित्य मित्तल ने वैक्सीन निर्माता अदार पूनावाला के साथ मिलकर राजस्थान रॉयल्स में 1.65 बिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 15,600 करोड़ रुपये) में बड़ी हिस्सेदारी हासिल कर ली, क्योंकि सोमानी (टेक्नोलॉजी उद्यमी), रॉब वाल्टन (वॉलमार्ट समूह) और शीला फोर्ड हैम्प (फोर्ड समूह) के समूह ने अपना नाम वापस ले लिया।
 
सोमानी की अगुवाई वाले समूह ने विज्ञप्ति में कहा, ‘‘छह महीने की लंबी प्रक्रिया के दौरान हम शुरू से अंत तक प्रमुख बोलीदाता थे और ऐसे में राजस्थान रॉयल्स के स्वामित्व समूह का हिस्सा न बन पाने से हम बेहद निराश हैं।’’
 
इसमें आगे कहा गया है, ‘‘मीडिया में जो बातें फैलाई गई हैं उसके विपरीत हमारा समूह पूरी तरह से वित्त पोषित था और स्वामित्व हासिल करने के लिए तैयार था। हमारा समूह निश्चित रूप से सौदा पूरा करने के लिए तैयार था। हमने कभी भी अपनी बोली वापस नहीं ली।‘‘
 
समूह ने कहा कि उसके पास सभी दस्तावेज मौजूद हैं और उसे बताया गया था कि शनिवार को फ्रेंचाइजी के बोर्ड की बैठक उसकी बोली को मंजूरी देने के लिए बुलाई गई थी।