ईरान में पढ़ रहे कश्मीरी छात्रों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों ने केंद्र से हस्तक्षेप की मांग की

Story by  एटीवी | Published by  [email protected] | Date 15-01-2026
Parents have urged the central government to intervene immediately regarding the safety of Kashmiri students studying in Iran.
Parents have urged the central government to intervene immediately regarding the safety of Kashmiri students studying in Iran.

 

श्रीनगर,

ईरान में पढ़ाई कर रहे कश्मीरी छात्रों के अभिभावकों ने वहां हाल ही में बढ़े तनाव और अशांति के मद्देनजर केंद्र सरकार से अपने बच्चों को सुरक्षित रूप से भारत वापस लाने की तत्काल व्यवस्था करने की अपील की है। अभिभावक अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित हैं और उनका कहना है कि स्थिति गंभीर होती जा रही है, जिससे छात्रों की जान और सुरक्षा को खतरा हो सकता है।

इस मुद्दे को लेकर बड़ी संख्या में अभिभावक श्रीनगर के प्रेस एन्क्लेव में एकत्रित हुए और मीडिया के सामने केंद्र और जम्मू-कश्मीर प्रशासन से सक्रिय हस्तक्षेप की मांग की। उन्होंने प्रधानमंत्री, विदेश मंत्री, जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री और उपराज्यपाल से आग्रह किया कि वे तुरंत कदम उठाएं और ईरान में फंसे छात्रों को सुरक्षित वापस लाने की प्रक्रिया तेज करें।

एक अभिभावक ने मीडिया से बातचीत में कहा, “हम सरकार से विनम्र अनुरोध करते हैं कि हमारे बच्चों को वहां से सुरक्षित भारत लौटाया जाए। हम पिछले अनुभवों में केंद्र द्वारा छात्रों के प्रति किए गए सहयोग के लिए आभारी हैं, और हमें पूरा विश्वास है कि सरकार इस बार भी समय रहते उचित कार्रवाई करेगी। हमें डर है कि अगर कार्रवाई में विलंब हुआ तो छात्रों की सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है।”

अभिभावकों ने यह भी कहा कि वे चाहते हैं कि छात्रों की वापसी सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कूटनीतिक और प्रशासनिक उपाय तुरंत किए जाएं। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि वह ईरान में फंसे छात्रों की सुरक्षा के लिए भारतीय दूतावास और अन्य संबंधित अधिकारियों के माध्यम से पूरी तरह सक्रिय रहे और छात्रों की स्थिति पर नजर बनाए रखे।

ज्ञात हो कि ईरान में राजनीतिक और आर्थिक अस्थिरता की वजह से वहां कश्मीरी छात्रों की पढ़ाई और दैनिक जीवन पर असर पड़ रहा है। कई अभिभावकों का कहना है कि छात्रों को वहां से सुरक्षित निकालने की जिम्मेदारी सरकार की है, क्योंकि उनका भविष्य और जीवन जोखिम में पड़ सकता है।

इस दौरान अभिभावकों ने यह भी जोर देकर कहा कि केंद्र सरकार की त्वरित कार्रवाई छात्रों के मनोबल को बढ़ाएगी और उन्हें आत्मविश्वास देगी कि देश उनकी सुरक्षा और कल्याण के प्रति गंभीर है। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी विवाद को बढ़ाना नहीं है, बल्कि सिर्फ अपने बच्चों को सुरक्षित भारत लौटाने और उनके भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने का है।

इस अपील के बाद सरकार की ओर से ईरान में फंसे छात्रों की सुरक्षा और वापसी के लिए संभावित कदमों पर विचार किए जाने की संभावना जताई जा रही है। अभिभावकों ने आशा व्यक्त की है कि उनकी मांग पर जल्द ही सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलेगी और उनके बच्चे सुरक्षित घर लौट सकेंगे।