दरभंगा।
मौलाना आजाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी (मनू) के कुलपति प्रो. सैयद ऐनुल हसन ने 12 और 13 मार्च 2026 को मनू के दरभंगा परिसर का दो दिवसीय आधिकारिक दौरा किया। उनके साथ विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रो. इश्तियाक अहमद भी मौजूद रहे। इस दौरान विश्वविद्यालय के कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भी उनके साथ पहुंचे। टीम में स्कूल ऑफ टेक्नोलॉजी के डीन प्रो. अब्दुल वहीद, डीन अकादमिक्स एवं दरभंगा परिसर के समन्वयक प्रो. मोहम्मद शाहिद शामिल थे। इसके अलावा इंजीनियरिंग सेक्शन की टीम में डॉ. इकबाल खान और श्री अब्दुल हफीज भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. सैयद ऐनुल हसन ने पिछले एक वर्ष में परिसर में हुए विकास कार्यों की सराहना की। उन्होंने बताया कि परिसर में जल्द ही एक बहुउद्देश्यीय ऑडिटोरियम का निर्माण कराया जाएगा, जिससे शैक्षणिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में यहां बीटेक पाठ्यक्रम शुरू करने की संभावना पर विचार किया जाएगा, हालांकि यह मुख्य परिसर में कोर्स शुरू होने के बाद ही संभव होगा। कुलपति ने शिक्षकों से अकादमिक गतिविधियों में और अधिक योगदान देने की अपील की तथा विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच के साथ निरंतर सीखने के लिए प्रेरित किया।
रजिस्ट्रार प्रो. इश्तियाक अहमद ने दरभंगा परिसर की अपनी पहली यात्रा के अनुभव साझा करते हुए इसे संभावनाओं से भरपूर और जीवंत परिसर बताया। उन्होंने कहा कि यहां का बुनियादी ढांचा लगातार बेहतर हो रहा है और प्रशासन विकास की दिशा में सक्रिय रूप से काम कर रहा है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि प्रवेश परीक्षाओं में उच्च रैंक प्राप्त करने वाले छात्र अक्सर दरभंगा परिसर को अपनी पहली पसंद के रूप में चुनते हैं। उन्होंने बिहार सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण विभाग का भी आभार व्यक्त किया, जिसने परिसर को दो छात्रावास उपलब्ध कराए हैं।
कार्यक्रम की शुरुआत सीटीई दरभंगा के प्राचार्य प्रो. फैज अहमद के स्वागत भाषण से हुई। उन्होंने कुलपति का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से परिसर में कई आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं तथा बीए और एलएलएम पाठ्यक्रम भी शुरू किए गए हैं। उन्होंने जानकारी दी कि एनसीटीई ने वर्ष 2026-27 सत्र से यहां शिक्षक शिक्षा के लिए आईटीईपी पाठ्यक्रम को भी मंजूरी दे दी है।
इस अवसर पर दो पुस्तकों का औपचारिक विमोचन भी किया गया। डॉ. आफताब आलम की पुस्तक “कंटेम्पररी इश्यूज एंड इमर्जिंग नीड्स इन एजुकेशन” और डॉ. राघिब बाबर की पुस्तक “पेडागॉजी ऑफ मैथेमेटिक्स” का लोकार्पण किया गया। इसके बाद मनू मॉडल स्कूल के छात्रों ने कुलपति और रजिस्ट्रार को सम्मान स्वरूप सांस्कृतिक प्रस्तुति दी।
शाम को परिसर में इफ्तार पार्टी का आयोजन हुआ, जिसके बाद मुशायरा आयोजित किया गया। इसमें दरभंगा के कई शायरों ने अपनी रचनाएं पेश कीं। कुलपति प्रो. सैयद ऐनुल हसन ने भी अपनी शायरी सुनाई। कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद मोहम्मद अली अशरफ फातमी तथा बिहार के पूर्व विधायक फराज फातमी भी शामिल हुए। मोहम्मद अली अशरफ फातमी ने दरभंगा परिसर के विकास के लिए कुलपति के प्रयासों की सराहना की।
दौरे के दूसरे दिन कुलपति और रजिस्ट्रार ने परिसर के शिक्षकों, गैर-शिक्षण कर्मचारियों, विभागाध्यक्षों और प्राचार्यों के साथ बैठक की। उन्होंने प्रोवोस्ट, हॉस्टल वार्डनों, प्रॉक्टोरियल टीम और छात्र कल्याण विभाग के सहायक डीन से भी बातचीत कर परिसर की शैक्षणिक और प्रशासनिक गतिविधियों की जानकारी ली।