KTR ने BRS नेताओं की गिरफ्तारी की निंदा की

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  onikamaheshwari | Date 21-09-2026
Telangana: KTR condemns arrests of BRS leaders, demands release of Jurala water for farmers
Telangana: KTR condemns arrests of BRS leaders, demands release of Jurala water for farmers

 

हैदराबाद (तेलंगाना) 

भारत राष्ट्र समिति (BRS) के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव (KTR) ने पुराने पालमुरु जिले में BRS नेताओं की कथित गिरफ्तारी और नज़रबंदी की निंदा की है। उनके अनुसार, ये नेता खड़ी फसलों को बचाने के लिए जुराला प्रोजेक्ट से सिंचाई का पानी छोड़ने की मांग कर रहे थे। रविवार को दिए गए एक बयान में, KTR ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार ने पूर्व मंत्रियों सिंगिरेड्डी निरंजन रेड्डी, सी लक्ष्मण रेड्डी और श्रीनिवास गौड़, पूर्व विधायकों और अन्य BRS नेताओं को गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिया है। उन्होंने रेवंत रेड्डी सरकार पर किसानों की मांग को लेकर पार्टी के प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन को दबाने की कोशिश करने का आरोप लगाया।
 
KTR ने आरोप लगाया कि कई इलाकों में फसलें सूख रही हैं, जबकि सरकार किसानों की चिंताओं को दूर करने में विफल रही है। उन्होंने दावा किया कि जुराला प्रोजेक्ट में लगभग 9 हजार मिलियन क्यूबिक फीट (TMC) पानी उपलब्ध है, लेकिन सरकार द्वारा "बेतुके बहाने" बनाकर इसे छोड़ा नहीं जा रहा है। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि जिन किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए जुराला के गेट खोलने की कोशिश की, उन पर मामले दर्ज किए गए और प्रोजेक्ट के चारों ओर बैरिकेड्स लगा दिए गए, साथ ही किसानों को उस इलाके में जाने से रोकने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया।
 
KTR ने जुराला आयाकट (सिंचाई क्षेत्र) के लिए पानी न छोड़ने के फैसले पर भी सवाल उठाया। उन्होंने तर्क दिया कि पीने के पानी की जरूरतों के लिए केवल 2 TMC पानी की आवश्यकता थी, जबकि उनके अनुसार, प्रोजेक्ट में लगभग 9 TMC पानी उपलब्ध था।
BRS नेता ने हिरासत में लिए गए पार्टी नेताओं को तुरंत रिहा करने और जुराला आयाकट पर निर्भर किसानों के लिए सिंचाई का पानी तुरंत छोड़ने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि इस मुद्दे पर लगातार कोई कार्रवाई न करने से कांग्रेस सरकार के खिलाफ किसानों में भारी नाराजगी पैदा होगी। KTR और BRS द्वारा लगाए गए आरोपों की केवल बयान के आधार पर स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकी।